Mustard Oil Price – सरसों तेल के दामों में इस समय जबरदस्त गिरावट देखने को मिल रही है, जिससे आम जनता के चेहरे पर राहत की मुस्कान लौट आई है। बाजार रिपोर्ट के अनुसार, नवंबर 2025 के पहले हफ्ते में Mustard Oil Price प्रति लीटर ₹60 तक घट गया है, जो पिछले कुछ महीनों की तुलना में बड़ी राहत है। देश के कई हिस्सों जैसे उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान और मध्य प्रदेश में सरसों तेल का भाव ₹110 से ₹130 प्रति लीटर के बीच पहुंच गया है। यह कमी फसल की अच्छी पैदावार और अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट के कारण आई है। घरेलू उपभोक्ताओं के लिए यह खबर बेहद फायदेमंद साबित हो रही है क्योंकि अब खाना बनाने की लागत में भी कमी आएगी।

सरसों तेल की कीमतों में आई गिरावट का कारण
सरसों तेल के दामों में गिरावट के पीछे कई बड़े कारण हैं। सबसे पहले, इस साल सरसों की उत्पादन दर रिकॉर्ड स्तर पर रही, जिससे बाजार में आपूर्ति बढ़ी। दूसरी ओर, अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल बीजों की कीमतें नीचे आई हैं, जिसका सीधा असर भारतीय बाजार पर पड़ा है। साथ ही सरकार ने भी तेल की कीमतों को नियंत्रित करने के लिए आयात नीति में कुछ ढील दी है, जिससे बाजार में प्रतिस्पर्धा बढ़ी। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले हफ्तों में अगर मौसम अनुकूल रहा, तो सरसों तेल की कीमतों में और गिरावट देखने को मिल सकती है।
विभिन्न राज्यों में सरसों तेल का ताजा रेट
देश के अलग-अलग राज्यों में Mustard Oil Rate में थोड़ा अंतर देखने को मिल रहा है। दिल्ली और हरियाणा में सरसों तेल का भाव ₹125 प्रति लीटर के करीब है, जबकि उत्तर प्रदेश और बिहार में यह ₹115 तक पहुंच चुका है। राजस्थान और मध्य प्रदेश में स्थानीय बाजारों में ₹110 से ₹120 के बीच कीमतें चल रही हैं। वहीं, दक्षिण भारत के कुछ राज्यों में अब भी इसका भाव ₹130 तक है। उपभोक्ता अपनी सुविधा के अनुसार स्थानीय मंडी भाव या ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर भी ताजा रेट देख सकते हैं।
किसानों पर सरसों तेल दाम का असर
सरसों तेल की कीमतों में गिरावट जहां आम उपभोक्ताओं के लिए राहत है, वहीं किसानों के लिए यह थोड़ी चिंता की बात भी है। फसल की अच्छी पैदावार के बावजूद मंडी भाव गिरने से किसानों की आमदनी पर असर पड़ सकता है। सरकार अगर न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) बढ़ाती है या किसानों को अतिरिक्त सब्सिडी देती है, तो उनकी स्थिति बेहतर हो सकती है। विशेषज्ञों का कहना है कि सरकार को अब इस दिशा में संतुलित कदम उठाने की जरूरत है ताकि किसानों और उपभोक्ताओं दोनों के हित सुरक्षित रहें।
आने वाले दिनों में सरसों तेल का अनुमानित भाव
मार्केट एनालिस्ट्स का अनुमान है कि नवंबर के अंत तक Mustard Oil Price में मामूली उतार-चढ़ाव रह सकता है। अगर वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतें स्थिर रहती हैं, तो खुदरा बाजार में सरसों तेल ₹110 से ₹125 प्रति लीटर के बीच बना रह सकता है। हालांकि, दिसंबर के दूसरे हफ्ते तक ठंड के बढ़ने और डिमांड बढ़ने से कीमतों में हल्की बढ़ोतरी संभव है। इसलिए, उपभोक्ताओं को सलाह दी जाती है कि वे अभी के समय में थोड़ा अधिक स्टॉक खरीदकर फायदा उठा सकते हैं।
